1. सीएए विरोध में हिंसा फैलाने वालों के होर्डिंग्स पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा- नाम उजागर कर शर्मिंदा करने का कोई कानून नहीं  Navbharat Times
  2. Hoarding विवाद: High Court के फैसले के खिलाफ Supreme Court में UP सरकार  NDTV India
  3. UP पोस्टर केस: HC के आदेश पर रोक नहीं, SC की बड़ी बेंच करेगी सुनवाई  आज तक
  4. सीएए विरोधी हिंसा/ सुप्रीम कोर्ट ने योगी सरकार से पूछा- किस कानून के तहत आरोपियों के होर्डिंग्स लगाए, ऐसा कोई प्रावधान नहीं, जो इसकी इजाजत देता हो  Dainik Bhaskar
  5. लखनऊ होर्डिंग्स केस: SC ने UP सरकार से पूछा- कोई कानून आपके पक्ष में नहीं, आपके पास ऐसे पोस्टर लगाने की शक्ति है?  NDTV Khabar
  6. Google समाचार पर पूरी खबर देखें
India News: न्यायमूर्ति ललित ने मेहता को जवाब देते हुए कहा, 'अदालत मामले पर चिंता को समझती है, लेकिन जब आप कुछ ऐसा करते हैं, जिसकी अपनी सीमाएं होती हैं।India News: न्यायमूर्ति ललित ने मेहता को जवाब देते हुए कहा, 'अदालत मामले पर चिंता को समझती है, लेकिन जब आप कुछ ऐसा करते हैं, जिसकी अपनी सीमाएं होती हैं।

CAA protest: “Where is that power,” Justice Aniruddha Bose asks Solicitor General Tushar Mehta, about the inherent powers which it (UP govt) had, and it invoked against the alleged arsonists in the protests against CAA in Lucknow.Quote Tweet हाई कोर्ट ने सीएए प्रदर्शन के दौरान कथित हिंसा के आरोपियों का पोस्टर हटाने का आदेश दिया था

CAA:पोस्टर पर SC सख्त, UP सरकार से कहा- ऐसा कोई कानून नहीं

उत्तर प्रदेश में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान कथित रूप से हिंसा फैलाने वालों के पोस्टर लखनऊ में लगाए जाने का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है.उत्तर प्रदेश में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान कथित रूप से हिंसा फैलाने वालों के पोस्टर लखनऊ में लगाए जाने का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है.

Supreme court hearing on UP Hording case | यूपी होर्डिंग: HC का फैसला बरकरार, योगी सरकार को झटका, मामला बड़ी बेंच को भेजा गया